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Dhoop Mein Baithne Ke Din Aaye - Suneel Aftab

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Dhoop Mein Baithne Ke Din Aaye - Suneel Aftab

Dhoop Mein Baithne Ke Din Aaye - Suneel Aftab

About The Product:

धूप में बैठने के दिन आए' सुनील आफ़ताब का पहला शेरी मज्मूआ है। इस किताब में सुनील आफ़ताब ने नाज़ुक और मद्धम लहजे और सादा ज़बान में अपने एहसासात को बयान किया है, जिसका क़ारी पर कुछ अलग ही असर दिखता है। सुनील आफ़ताब का शुमार नई पीढ़ी के नुमाइन्दा शायरों में होता है।वो पंजाब की मिट्टी से ताल्लुक़ रखते हैं। उनका जन्म 23 नवम्बर, 1976 को पंजाब के पठानकोट ज़िले के गाँव शाहपुर कण्डी में हुआ। उन्होंने गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी, अमृतसर से बी.एस.सी. तथा जम्मू यूनिवर्सिटी के रामिष्ट कॉलेज से बी.एड. किया। कुछ समय तक अध्यापन करने के बाद वो अपना व्यवसाय करने लगे।

Product Details:

  • Language: Hindi
  • No. of Pages: 106
  • Publication Date: 2024
  • Legal Disclaimer : Product color may slightly vary due to photographic lighting sources or your monitor settings.

    $11.79
    Dhoop Mein Baithne Ke Din Aaye - Suneel Aftab
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    Dhoop Mein Baithne Ke Din Aaye - Suneel Aftab

    About The Product:

    धूप में बैठने के दिन आए' सुनील आफ़ताब का पहला शेरी मज्मूआ है। इस किताब में सुनील आफ़ताब ने नाज़ुक और मद्धम लहजे और सादा ज़बान में अपने एहसासात को बयान किया है, जिसका क़ारी पर कुछ अलग ही असर दिखता है। सुनील आफ़ताब का शुमार नई पीढ़ी के नुमाइन्दा शायरों में होता है।वो पंजाब की मिट्टी से ताल्लुक़ रखते हैं। उनका जन्म 23 नवम्बर, 1976 को पंजाब के पठानकोट ज़िले के गाँव शाहपुर कण्डी में हुआ। उन्होंने गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी, अमृतसर से बी.एस.सी. तथा जम्मू यूनिवर्सिटी के रामिष्ट कॉलेज से बी.एड. किया। कुछ समय तक अध्यापन करने के बाद वो अपना व्यवसाय करने लगे।

    Product Details:

  • Language: Hindi
  • No. of Pages: 106
  • Publication Date: 2024
  • Legal Disclaimer : Product color may slightly vary due to photographic lighting sources or your monitor settings.

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